कोच रवि शास्त्री का कुलदीप यादव के बारे में ‘बड़ा बयान’, मतलब कि….

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ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट श्रृंखला जीत के नायक रहे चेतेश्वर पुजारा को उससे पहले इंग्लैंड के खिलाफ बर्मिंघम टेस्ट में अंतिम 11 में जगह नहीं मिली थी, इस पर शास्त्री ने कहा उनकी तकनीक में कोई कमी नहीं थी लेकिन उन्होंने क्रीज पर खड़े होने के तरीके में बदलाव किया जिसका फायदा मिला

वेलिंगटन:

भारतीय क्रिकेट टीम के मुख्य कोच रवि शास्त्री (Ravi Shastri big statement) ने ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ सिडनी टेस्ट में पांच विकेट का हवाला देते हुए चाइनामैन स्पिनर कुलदीप यादव (Kuldeep Yadav) के बारे में बड़ा बयान दिया है. शास्त्री ने कहा है कि कुलदीप यादव अब टीम के नंबर एक स्पिनर हैं. और वह अब विदेशी जमीं पर हमारे मुख्य स्पिनर होंगे. याद दिला दें कि बारिश के कारण ड्रॉ छूटे सिडनी टेस्ट में कुलदीप यादव ने पांच विकेट चटकाए थे. और इस प्रदर्शन की चौतरफा प्रशंससा हुई थी. ऑस्ट्रेलिया मीडिया (#AustraliaMedia) भी कुलदीप यादव (#Kuldeepyadav) के इस प्रदर्शन का मुरीद हो गया था. और अब कोच रवि शास्त्री (#Ravishastri) ने कुलदीप के प्रदर्शन के मायने को साफ तौर पर समझा दिया है.

शास्त्री ने कहा कि कुलदीप पहले ही विदेश में टेस्ट क्रिकेट खेल चुका है और पांच विकेट ले चुका है.

ऐसे में वह हमारा मुख्य स्पिनर होगा. उन्होंने कहा कि हर किसी का समय होता है

(अश्विन की खराब फार्म की ओर इशारा करते हुए), लेकिन अब कुलदीप विदेशों में हमारे शीर्ष स्पिनर होंगे.

कुलदीप ने बारिश से प्रभावित इस मैच में पांच विकेट चटकाए और ज्यादातर

ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाज उनकी गेंदों को समझने में नाकाम रहे.

शास्त्री ने कहा कि कुलदीप ने जिस तरह सिडनी में गेंदबाजी की उससे मैं काफी प्रभावित हूं.

टेस्ट क्रिकेट में भी यह समय कलाई के स्पिनरों का है.

उसकी सिडनी की गेंदबाजी से यह साफ है कि वह हमार मुख्य स्पिनर होगा.

भारतीय कोच के बयान का मतलब साफ है कि अब आर.

अश्विन ने टीम के पहले पसंदीदा स्पिनर के रूप में जगह गंवा दी है.

और निश्चित ही, कोच का यह बयान यह समझाने के लिए काफी है कि आर.

अश्विन के लिए विश्व कप टीम में जगह बनाना बहुत ही ज्यादा मुश्किल होगा.

ऑस्ट्रेलिया में टेस्ट श्रृंखला जीत के नायक रहे चेतेश्वर पुजारा को उससे

पहले इंग्लैंड के खिलाफ बर्मिंघम टेस्ट में अंतिम 11 में जगह नहीं मिली थी, इस पर शास्त्री ने कहा उनकी तकनीक में कोई कमी नहीं थी

लेकिन उन्होंने क्रीज पर खड़े होने के तरीके में बदलाव किया जिसका फायदा मिला.

पूर्व भारतीय हरफनमौला ने कहा कि उसके साथ तकनीकी समस्या नहीं थी. यह उसके क्रीज पर खड़े होने के तरीके के कारण था.

यह बड़ी बात नहीं थी. जब आप इतना क्रिकेट खेलते है तो यह आपके साथ भी हो सकता है. मुझे लगा कि इसे सुधारा जा सकता है.

शास्त्री ने कहा कि हमें यह तय करना था कि उन्हें पहले टेस्ट (इंग्लैंड के खिलाफ) में खिलाने का जोखिम लेकर अगले सात से आठ मैचों के लिए उन्हें सुधार करने का मौका दे.

उन्हें सभी मैचों में खिलाने पर सुधार करने का मौका नहीं मिलता.

कप्तान विराट कोहली के प्रशंसक माने जाने वाले शास्त्री ने एक बार फिर उनकी तारीफ की.

उन्होंने कोहली की तुलना वेस्टइंडीज के महान खिलाड़ी सर विवियन रिचर्ड्स

और पूर्व पाकिस्तानी कप्तान इमरान खान से की.भारतीय कोच ने कहा कि

विराट उन महान खिलाड़ियों में शामिल है जो जवाब देना जानता है.

वह हावी होकर खेलना चाहता है और काम को लेकर उसकी तरह प्रतिबद्ध दूसरा कोई खिलाड़ी नहीं है.

मुझे लगता है भारत भाग्यशाली है कि उसके पास ऐसा कप्तान है.

वह मुझे इस मामले में इमरान खान की याद दिलाता है